इटावाउत्तर प्रदेश

महिलाएँ सावधान!- रसोई में हो सकता है साँप

● महिलाएँ रसोई में रखे सिलेंडर को चैक करके ही उसके पास खड़ी हों,

● सावधानी ही बचाव है, और सर्पदंश का एकमात्र इलाज एंटीवेनम ही है,

सावधानी ही में ही वचाव है

इटावा। पर्यावरण एवं वन्यजीव संरक्षण के साथ साथ सर्पदंश से बचाव व जनजागरूकता के लिये जनपद में कार्य कर रही संस्था ऑर्गनाइजेशन फ़ॉर कंजर्वेशन ऑफ एनवायरनमेंट एंड नेचर (ओशन) के महासचिव, नगर पालिका परिषद इटावा के स्वच्छता, पर्यावरण एवं वन्यजीव संरक्षण के ब्रांड एम्बेसडर एवं मिशन स्नेक बाइट डेथ फ्री इण्डिया के यूपी कोर्डिनेटर, वन्यजीव विशेषज्ञ सर्पमित्र डॉ आशीष त्रिपाठी ने जनपद की सभी महिलाओँ से अपील करते हुये कहा है कि,एक बहुत बड़ा सच यह भी है कि, पूरे भारत मे सर्पदंश से लगभग 50 हजार लोग प्रत्येक वर्ष मर जाते है जिनमे से ज्यादातर लोग सही समय से सही इलाज न मिलने से व सर्पदंश के अज्ञात भय से या अत्यधिक घबराहट ही मरते है है और सबसे ज्यादा सर्पदंश से मौत उत्तर प्रदेश में ही देखी गई है। अतः कृपया बरसात के इस मौसम में वेहद ही सावधान रहें। घर के बैडरूम के बाहर रखे जूते व किचिन के अंदर सिलेंडर के नीचे या आगे पीछे देखकर ही भोजन बनाने के लिये खड़े हों यदि आप कहीं जमीन पर लेटते है तो लेटने से पहले अपना बिस्तर भी एक बार झाड़कर चैक अवश्य कर लें क्यों कि, अक्सर शाम 6 बजे के बाद निकलने वाला बेहद जहरीला सर्प करैत (कोडिया गढ़ा) को ग्रामीण व शहरी क्षेत्र में इन जगहों पर बैठे देखा जा चुका है। यूँ तो छोटे बड़े सर्प अक्सर ही हमारे आस पास हमे कभी भी दिखाई दे ही जाते है लकिन यदि आपको कभी कोई साँप काट ले तो ऐसी स्थिति में बिल्कुल भी घबराना नही है क्यों कि, जिला अस्पताल इटावा में अब एंटीवेनम उपलब्ध है। साथ मे यह भी जान लीजिये कि, हमारे आपके आस पास दिखाई देने वाले सभी प्रकार के छोटे बड़े सर्प जहरीले भी नही होते है। हर एक साँप के काटने पर एंटीवेनम भी नही लगाया जाता है। बस इस समय कोबरा करैत सर्प से ही सावधान रहें जो की जनपद इटावा में मौजूद है। वैसे सभी सर्प किसान मित्र ही होते है जो चूहों को खाकर पर्यावरण संतुलन बनाये रखने में अपनी अहम भूमिका भी निभाते है। अतः हमे उन्हें देखते ही मारने के लिए भागना भी नहीं चाहिये। क्यों कि, उन्हें भी हमारी आपकी तरह जीने का पूरा हक है। याद रहे साँप के काटने के बाद किसी भी झाड़ फूँक के चक्कर में किसी भी सर्पदंश से पीड़ित मरीज का आधे घण्टे का कीमती समय बिल्कुल भी बर्बाद न करें अन्यथा आपके मरीज की जान चली जायेगी।

Agency Lucknow

Sunshine samay agency Lucknow

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button
%d bloggers like this: